Tuesday, 18 May 2021

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गाजा में इजरायल की सेना और हमास के बीच रॉकेट युद्ध जारी है। इसी बीच गाजा पट्टी में उड़ाई गई एक गाड़ी पर कई सवाल खड़े हो गए हैं। जिस तरह से इस गाड़ी को निशाना बनाया गया है, उससे अटकलें लग रही हैं कि इजरायल ने अमेरिका की 'निंजा मिसाइल' की तर्ज पर अपना खुद का हथियार तैयार किया है। दरअसल, सफेद रंग की Citroen Xsara पर इजरायली सेना ने निशाना लगाया और इसके खिड़की-दरवाजे उड़ गए लेकिन इसके अलावा गाड़ी को कोई नुकसान नहीं हुआ। इसी तरह का हाल R9X निंजा मिसाइल से निशाना लगाने पर होता है। (फाइल फोटो: US ARMY, BY: SGT. AARON R. BRADDY)

इस हथियार में Hellfire मिसाइल का लेजर टार्गेटिंग सिस्टम होता है लेकिन विस्फोटक की जगह 45 किलो का मेटल होता है। इसमें 6 ब्लेड होते हैं जो टार्गेट को हिट करने से पहले खुलते हैं।


Ninja Missile 'Hellfire': गाजा में हमास पर 'निंजा मिसाइल' बरसा रहा इजरायल? विस्फोटक नहीं, फिर भी बेहद घातक

गाजा में इजरायल की सेना और हमास के बीच रॉकेट युद्ध जारी है। इसी बीच गाजा पट्टी में उड़ाई गई एक गाड़ी पर कई सवाल खड़े हो गए हैं। जिस तरह से इस गाड़ी को निशाना बनाया गया है, उससे अटकलें लग रही हैं कि इजरायल ने अमेरिका की 'निंजा मिसाइल' की तर्ज पर अपना खुद का हथियार तैयार किया है। दरअसल, सफेद रंग की Citroen Xsara पर इजरायली सेना ने निशाना लगाया और इसके खिड़की-दरवाजे उड़ गए लेकिन इसके अलावा गाड़ी को कोई नुकसान नहीं हुआ। इसी तरह का हाल R9X निंजा मिसाइल से निशाना लगाने पर होता है।

(फाइल फोटो:

US ARMY, BY: SGT. AARON R. BRADDY)



गाड़ी के अंदर टार्गेट
गाड़ी के अंदर टार्गेट

इस मिसाइल पर 2011 से काम किया जा रहा था। इसका पहला इस्तेमाल 2017 में अलकायदा के डेप्युटी लीडर अब खैर अल-मस्री को सीरिया में मारने के लिए किया गया था। इसे लीबिया, इराक, यमन, सोमालिया और 2019 में अफगानिस्तान में इस्तेमाल किया जा चुका है। इसे Flying Ginsu भी कहते हैं। इसका निशाना इतना सटीक है कि गाड़ी में बैठे एक शख्स को मार सकता है और दूसरों को नुकसान नहीं पहुंचेगा। कहा जाता है कि ओबामा ओसामा बिन लादेन को 2011 में इसी से मारना चाहते थे लेकिन फिर नेवी की SEAL टीम को भेजने का फैसला किया।



गाजा में कार पर हमला
गाजा में कार पर हमला

R9X मिसाइल Hellfire रॉकेट का वेरियंट हैं जिनमें विस्फोटक की जगह 6 घातक ब्लेड होते हैं। ये आमतौर पर किसी एक विशेष इंसान को टार्गेट करते हैं और विस्फोट की जगह ब्लेड से काटते हैं। अमेरिका इनका इस्तेमाल लीबिया, सीरिया और इराक में कर चुका है। इजरायल और अमेरिका के संबंधों को देखते हुए यह चर्चा तेज है कि क्या इजरायल ने खुद ऐसा हथियार बना लिया है। निंजा मिसाइल हमले में कार जैसी गाड़ियों को ज्यादा नुकसान नहीं होता है। बस एक बड़ा छेद हो जाता है। इससे हमला करने पर विस्फोट जैसे निशान नहीं मिलते हैं।



अमेरिका कर चुका है इस्तेमाल
अमेरिका कर चुका है इस्तेमाल

बराक ओबामा के कार्यकाल में Hellfire का मॉडिफाइड वर्जन R9X बनाया गया था। मध्यपूर्व में ड्रोन हमलों में नागरिकों की मौत के चलते यह फैसला किया गया था। आतंकी महिलाओं और बच्चों के बीच में छिप जाया करते थे क्योंकि इससे उन्हें निशाना बनने का डर कम हो जाता था। इस हथियार में Hellfire मिसाइल का लेजर टार्गेटिंग सिस्टम होता है लेकिन विस्फोटक की जगह 45 किलो का मेटल होता है। इसमें 6 ब्लेड होते हैं जो टार्गेट को हिट करने से पहले खुलते हैं। इनकी वजह से किसी विशेष टार्गेट को निशाना बनाया जा सकता है।

(फोटो:

CPT BRIAN HARRIS, U.S. ARMY)





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