द हेग नीदरलैंड के प्रधानमंत्री मार्क रुटे और उनकी पूरी कैबिनेट ने बाल कल्याण भुगतानों की जांच से जुड़े से एक घोटाले की राजनीतिक जिम्मेदारी लेते हुए शुक्रवार को इस्तीफा दे दिया। जांच में पता चला है कि इस घोटाले में अभिभावकों पर गलत रूप से धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया। रुटे की सरकार 17 मार्च को नीदरलैंड में चुनाव के बाद नई सरकार के गठन होने तक कार्यभार संभालेगी। टेलिविजन पर देश को संबोधित अपने भाषण में रुटे ने कहा कि उन्होंने अपने फैसले के बारे में नीदरलैंड के सम्राट विलियम अलेक्जेंडर को सूचित कर दिया था और वादा किया था कि उनकी सरकार प्रभावित माता-पिता को जल्द से जल्द मुआवजा देने और कोरोना वायरस का मुकाबला करने के लिए काम करना जारी रखेगी। रुटे ने कहा, 'हम सभी का मानना है कि यदि पूरी प्रणाली विफल हो गई है तो, हम सभी को जिम्मेदारी लेनी चाहिए और...हम इस निष्कर्ष पर पहुंचे कि मैंने पूरी कैबिनेट के इस्तीफे की सम्राट के समक्ष पेशकश की।' रुटे के इस्तीफे के बाद, उनके इस पद पर बने रहने के एक दशक का समापन हो गया। हालांकि, उनकी पार्टी को चुनाव जीतने की उम्मीद है और अगली सरकार बनाने के वास्ते वार्ता शुरू करने की कतार में वह सबसे आगे हैं। यदि वह नया गठबंधन बनाने में सफल हो जाते है तो रुटे के फिर से प्रधानमंत्री बनने की संभावना है।
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